
लखनऊ – UP Govt Teacher Transfer : उत्तर प्रदेश के परिषदीय स्कूलों में तैनात शिक्षकों के लिए अन्य जिलों में स्थानान्तरण पाना अब आसान नहीं होगा। प्रदेश में सत्तासीन योगी आदित्यनाथ सरकार (Yogi Adityanath govt) ने इसके लिए एक नया प्रावधान किया है। इसके तहत अब उत्तर प्रदेश में मनचाहे या जरूरत पड़ने पर मनपसंद स्कलों में ट्रांसफर पाने के लिए एक परीक्षा से गुजरना पड़ेगा। यह परीक्षा पास करने के बाद शिक्षकों को ट्रांसफर मिलना संभव हो पाएगा। बता दें कि वर्तमान में 1.39 लाख परिषदीय स्कूलों में 4.55 शिक्षक तैनात हैं।
पास करना होगा CBT
मिली जानकारी के अनुसार, योजना के तहत परिषदीय स्कूलों में तैनात महिला और पुरुष शिक्षकों को मनपसंद के जिलों/स्कूलों में तैनाती के लिए अब कंप्यूटर आधारित टेस्ट (computer based test) पास करना होगा। कहा जा रहा है कि इस योजना पर काफी दिनों से मंथन चल रहा था।
श्रेष्ठ शिक्षकों का चयन भी CBT से
सरकार की अनुमति मिलने के बाद ही शिक्षकों के ट्रांसफर के लिए इन नीति को अमल में लाया जा रहा है। इतना ही नहीं, मुख्यमंत्री अभ्यूदय और कंपोजिट स्कूलों के लिए श्रेष्ठ शिक्षकों का चयन भी CBT परीक्षा के जरिये किया जाएगा। ऐसे में यह परीक्षा बहुपयोगी होगी। इस परीक्षा का आयोजन सभी 76 जिलों में किया जाएगा।
शिक्षकों में बढ़ेगी प्रतिस्पर्धा
उधर, स्कूल शिक्षा निदेशक विजय किरण आनंद (Vijay Kiran Anand, Director, School Education, Uttar Pradesh) का CBT के बारे में कहना है कि परीक्षों को लेकर तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। उनका कहना है कि परीक्षा का मकसद मेरिट और प्रतिभा को बढ़ावा देना है। उधर, उत्तर प्रदेश सरकार का कहना है कि इससे मेरिट के जरिये शिक्षकों को स्कूल आवंटित करने से शिक्षकों के बीच प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी और वे इसके लिए तैयार भी होंगे।
हर जिले में खुलेंगे मुख्यमंत्री अभ्यूदय स्कूल
गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश सरकार सभी 75 जिलों में एक-एक मुख्यमंत्री अभ्यूदय विद्यालय खोलने जा रही है। इसके बाद प्रत्येक वर्ष 24 हजार कंपोजिट स्कूलों में भी शिक्षकों के चयन के लिए सीबीटी का आयोजन किया जाएगा। इसके बाद प्रत्येक वर्ष शिक्षकों के मनपसंद ट्रांसफर के लिए भी सीबीटी को तरजीह दी जाएगी।




