अमरनाथ यात्रा 2025: कड़ी सुरक्षा के बीच पहला जत्था जम्मू से रवाना, उपराज्यपाल ने दिखाई हरी झंडी

जम्मू। आतंकवादी खतरे की आशंकाओं के बीच वार्षिक अमरनाथ यात्रा 2025 का पहला जत्था बुधवार सुबह जम्मू के भगवती नगर बेस कैंप से रवाना हो गया।

उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने तीर्थयात्रियों के इस जत्थे को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह यात्रा 38 दिनों तक चलेगी, जिसकी औपचारिक शुरुआत 3 जुलाई (गुरुवार) से होगी।
पहलगाम आतंकी हमले के बाद सुरक्षा हुई और कड़ी
हाल ही में पहलगाम में हुए आतंकी हमले को ध्यान में रखते हुए इस वर्ष सुरक्षा व्यवस्था को पहले से कहीं अधिक मजबूत किया गया है।
➡️ 60 हजार से अधिक सुरक्षाकर्मियों की तैनाती
➡️ 600 अतिरिक्त अर्धसैनिक बल कंपनियां मैदान में
➡️ पूरे मार्ग पर ड्रोन निगरानी और नाइट विजन कैमरे
यह अब तक की सबसे बड़ी सुरक्षा तैनाती मानी जा रही है, जिससे तीर्थयात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता दी जा सके।

श्रद्धालुओं में उत्साह, लेकिन सुरक्षा का साया
हालांकि, एक ओर जहां श्रद्धालुओं में बाबा बर्फानी के दर्शन को लेकर उत्साह है, वहीं दूसरी ओर उन्हें कड़े सुरक्षा घेरे के बीच यात्रा करनी पड़ रही है।

इसके बावजूद, प्रशासन और सुरक्षा बलों ने भरोसा दिलाया है कि यात्रा पूर्णत: सुरक्षित होगी और हर चरण पर निगरानी की जा रही है।

प्रशासन की सख्ती और सेवा दोनों
यात्रियों की सुविधा के लिए रूट पर चिकित्सा शिविर, मोबाइल टॉयलेट्स, भोजन केंद्र और विश्राम स्थल की व्यवस्था की गई है। साथ ही, हेलीकॉप्टर सेवा और ट्रैकिंग सिस्टम के जरिए यात्रा पर हर पल नजर रखी जा रही है।




