Uttarakhand Earthquake Today : उत्तराखंड में एक बार फिर लगे तेज भूकंप के झटके, रिक्टर स्केल पर 4.0 रही तीव्रता

Uttarakhand Earthquake Today : उत्तराखंड में एक बार फिर से भूकंप के झटके महसूस किए गए है। नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी (NCS) से मिली जानकारी के अनुसार, उत्तराखंड के पिथौरागढ़ में आज सुबह भूकंप के झटके महसूस किए गए। NCS ने बताया कि पिथौरागढ़ से 48 किमी उत्तर पूर्व में 4 तीव्रता का भूकंप आया। हालांकि अभी तक किसी भी तरह के नुकसान की जानकारी नहीं है।
कल आया था दिल्ली-एनसीआर में भूकंप
कल, 15 अक्टूबर को 4:08 बजे दिल्ली – एनसीआर में भूकंप के झटके महसूस किए गए थे। जिसकी रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 3.1 दर्ज की गई थी। इससे पहले भी 3 अक्टूबर को दिल्ली – एनसीआर में भूकंप के झटके महसूस किए गए थे। जिसकी रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 6.2 दर्ज की गई थी।
भूकंप क्यों आता है और कैसे आता है?
धरती के नीचे मौजूद ये प्लेटें बेहद धीमी रफ्तार से घूमती रहती हैं। हर साल ये प्लेटें अपनी जगह से 4-5 मिमी खिसक जाती हैं। इस दौरान कोई प्लेट किसी से दूर हो जाती है तो कोई किसी के नीचे से खिसक जाती है। इसी दौरान प्लेटों के टकराने से भूकंप आता है।
पांच जोन में बांटा गया है भूकंप क्षेत्र
पूरे देश को भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) ने पांच भूकंप जोन में बांटा है। वहीं देश का 59 प्रतिशत हिस्सा भूकंप रिस्क जोन में है। भारत में पांचवें जोन को सबसे ज्यादा खतरनाक और सक्रिय माना जाता है। सबसे खतरनाक जोन में जम्मू और कश्मीर का हिस्सा (कश्मीर घाटी), हिमाचल प्रदेश का पश्चिमी हिस्सा, उत्तराखंड का पूर्वी हिस्सा, गुजरात में कच्छ का रण, उत्तरी बिहार का हिस्सा, भारत के सभी पूर्वोत्तर राज्य, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह आता है।
भूकंप आने पर क्या करें
भूकंप के झटके महसूस होने पर सबसे पहले तुरंत किसी सुरक्षित स्थान पर चले जाएं। अगर घर से बाहर नहीं निकल पा रहें तो किसी किसी मजबूत मेज या फर्नीचर के नीचे बैठ जाएं। घर के शीशे, खिड़कियां, दरवाजों से दूर रहें। अगर आप घर से बाहर हैं तो बिल्डिंग, पेड़, स्ट्रीट लाइट, बिजली/टेलीफोन आदि की तारों से दूर रहें। अगर आप भूकंप के दौरान किसी वाहन में हैं तो जितनी जल्दी संभव हो सुरक्षा के साथ गाड़ी रोकें और गाड़ी में ही रुके रहें। कार को बिल्डिंग, पेड़ों, ओवरपास, बिजली/टेलीफोन आदि की तारों के आसपास या नीचे रोकने से बचें।




